1125 HAIGAS PUBLISHED TILL TODAY(04.09.15)......आज तक(04.09.15) 1125 हाइगा प्रकाशित Myspace Scrolling Text Creator

यदि आप अपने हाइकुओं को हाइगा के रूप में देखना चाहते हैं तो हाइकु ससम्मान आमंत्रित हैं|

रचनाएँ hrita.sm@gmail.comपर भेजें - ऋता शेखर मधु

Monday, 21 January 2013

रिश्तों की नाव - हाइगा में

प्रस्तुत है कैलाश सी शर्मा सर के हाइकुओं पर आधारित हाइगा

पसन्द आए तो जरूर बताएँ...पसन्द न आए वह भी बताएँ... अगली प्रस्तुतियों को और बेहतर बनाने के लिएः)








सारे चित्र गूगल से साभार

15 comments:

Kailash Sharma said...

वाह...हाइकु के भावों की हाइगा में जीवंत अभिव्यक्ति...

Kailash Sharma said...

हाइकुओं को सुन्दर हाइगा में प्रस्तुत करने के लिए बहुत बहुत आभार...

विभा रानी श्रीवास्तव 'दंतमुक्ता' said...

बड़े भाई के हाइकू और आपके हाइगा लाजबाब हैं !!

धीरेन्द्र सिंह भदौरिया said...

कैलाश जी के हाइकुओं को हाइगा के माध्यम से आपने जीवंत कर दिया आपने, बधाई,,,

धीरेन्द्र सिंह भदौरिया said...

हाइकुओं को जीवंत करती सुंदर प्रस्तुति,,,बधाई,,

recent post : बस्तर-बाला,,,

ANULATA RAJ NAIR said...

बहुत बढ़िया प्रस्तुति ऋता जी...
कैलाश जी और आपको बहुत बहुत बधाई...

सस्नेह
अनु

डॉ. रूपचन्द्र शास्त्री 'मयंक' said...

सार्थक और उपयोगी प्रस्तुति!

कालीपद "प्रसाद" said...

हाइकू से हाइगा,एक नया प्रयोग अच्छा लगा . बधाई
New post : शहीद की मज़ार से

हरकीरत ' हीर' said...

.बहुत सुंदर ...

चित्रों ने हाइकू को जुबान दे दी ....!!

पी.सी.गोदियाल "परचेत" said...

बहुत बढ़िया, लाजबाब !

Rajendra kumar said...

पहले तो हाइकू को ही जानता था आपने हाइगा से भी परिचय करा दिया,बहुत ही सुन्दर प्रस्तुतिकरण।चित्रों पर लिखने का इस शैली में लिखने का जबाब नही क्या आप इसका बिवरण देंगे की ऐसा कैसे लिखा जा सकता है।

Rajendra kumar said...
This comment has been removed by the author.
दिगंबर नासवा said...

वाह ... चित्रों के साथ जीवन जीवंत कर दिया इन हाइगा में ... बहुत खूब ...

Unknown said...

कैलाश भैया जी प्रणाम आपकी भावनाओं के प्रस्तुति के लिए और रीता जी को आभार

kavita verma said...

sach haykoo ko jubaan mil gayee chitro se..sundar prastuti.